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रिश्वत प्रकरण की जांच पूरी, एसडीएम ने रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को सौंपने की कही बात …

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जांजगीर-चांपा। नगर पंचायत बम्हनीडीह के मुख्य नगर पालिका अधिकारी (सीएमओ) पर फोन-पे के माध्यम से रिश्वत लेने के लगाए गए आरोपों की जांच अब पूरी कर ली गई है। कलेक्टर के निर्देश पर मामले की जांच कर रहे चांपा एसडीएम ने शुक्रवार को बम्हनीडीह तहसील कार्यालय में संबंधित पक्षों को तलब कर पूरे लेन-देन प्रकरण की जांच की और जल्द ही जांच रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को सौंपने की बात कही।

सरपंच प्रतिनिधि राज कुमार पटेल ने नगर पंचायत बम्हनीडीह के सीएमओ राधाचरण तिवारी पर आरोप लगाया था कि उनके बकाया बिल के भुगतान के एवज में रिश्वत की मांग की गई थी। आरोप के अनुसार, सीएमओ के कहने पर फोन-पे के माध्यम से उनके द्वारा बताए गए मोबाइल नंबर पर 5 हजार रुपये ट्रांसफर किए गए, इसके बावजूद भुगतान नहीं किया गया। मामले को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर ने चांपा एसडीएम को जांच के आदेश दिए थे। जांच के दौरान तहसील कार्यालय में प्रार्थी राज कुमार पटेल, नगर पंचायत बम्हनीडीह के सीएमओ राधाचरण तिवारी तथा नगर पंचायत बलौदा के सफाई दरोगा श्रीयांश शुक्ला को उपस्थित कराया गया और सभी पक्षों के बयान दर्ज किए गए।  सरपंच प्रतिनिधि राज कुमार पटेल ने इस पूरे मामले की लिखित शिकायत संबंधित अधिकारियों से की है। वहीं, नगरवासियों का आरोप है कि सीएमओ पर पूर्व में भी दुर्व्यवहार और रिश्वत मांगने के आरोप लगते रहे हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। नगरवासियों का कहना है कि केवल औपचारिक जांच कर मामले को दबाया जा रहा है, जिससे असंतोष बढ़ता जा रहा है। नगरवासियों ने यह भी आरोप लगाया कि सीएमओ द्वारा सफाई व्यवस्था में भेदभाव किया जा रहा है। केवल बाजार मोहल्ले पर ध्यान दिया जाता है, जबकि अन्य वार्डों की अनदेखी की जा रही है। इससे नगर में विवाद की स्थिति बनती जा रही है और लोगों ने आंदोलन की चेतावनी भी दी है। नगरवासियों का कहना है कि नगर पंचायत के गठन के बाद से अब तक मूलभूत सुविधाओं में कोई विशेष सुधार नजर नहीं आ रहा है, जिससे जनता में आक्रोश बढ़ रहा है।

कलेक्टर के आदेश पर जांच की गई है। जल्द ही रिपोर्ट बनाकर उच्च अधिकारियों को सौंपी जाएगी। आगे का निर्णय वही लेंगे।”पवन कोसमा, जांच अधिकारी एवं एसडीएम, चांपा

सरपंच प्रतिनिधि से 5 हजार रुपये उधार लिए थे, जिसे वापस कर दिया गया है।” — श्रीयांश शुक्ला, सफाई दरोगा, नगर पंचायत बलौदा

“सीएमओ के कहने पर फोन-पे से 5 हजार रुपये दिए गए थे। श्रीयांश शुक्ला को मैं नहीं जानता और न ही उसे कोई पैसा दिया। वह सीएमओ को बचाने के लिए झूठ बोल रहा है।” — राज कुमार पटेल, सरपंच प्रतिनिधि, बम्हनीडीह

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