मनरेगा के मुद्दे पर कांग्रेस का उग्र प्रदर्शन, कलेक्टर कार्यालय का घेराव; बैरिकेड तोड़कर आगे बढ़े कार्यकर्ता, पुलिस से तीखी झड़प …






जांजगीर-चांपा। मनरेगा में प्रस्तावित बदलावों के विरोध में मंगलवार को जिला मुख्यालय उस समय राजनीतिक अखाड़े में तब्दील हो गया, जब चरणदास महंत की अगुवाई में कांग्रेस ने जोरदार शक्ति प्रदर्शन करते हुए कलेक्टर कार्यालय का घेराव किया। हजारों की संख्या में पहुंचे कार्यकर्ताओं ने बैरिकेड तोड़कर आगे बढ़ने की कोशिश की, जिस पर पुलिस से तीखी झड़प हो गई।
सुबह से ही कांग्रेस कार्यकर्ता शहर के प्रमुख चौक-चौराहों पर जुटने लगे थे। हाथों में पार्टी झंडे, बैनर और तख्तियां लिए नारेबाजी करते हुए रैली शहर के मुख्य मार्गों से होकर कलेक्टर कार्यालय की ओर बढ़ी। स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने पहले से ही बैरिकेडिंग कर टीन शेड गेट लगाया था और भारी पुलिस बल तैनात किया गया था।


कलेक्टर कार्यालय पहुंचते ही प्रदर्शन उग्र हो गया। कार्यकर्ताओं ने पहला सुरक्षा घेरा तोड़ दिया और मुख्य गेट तक पहुंचकर टीन शेड गेट को तोड़ने की कोशिश की। पुलिस ने तत्काल मोर्चा संभालते हुए भीड़ को रोकने का प्रयास किया, इसी दौरान धक्का-मुक्की और तीखी झड़प देखने को मिली। कुछ समय के लिए हालात तनावपूर्ण हो गए, हालांकि अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती के बाद स्थिति पर काबू पा लिया गया और किसी बड़ी अप्रिय घटना से बचाव हो सका।

प्रदर्शन में छत्तीसगढ़ कांग्रेस के सह-प्रभारी विजय जांगिड़, कांग्रेस जिलाध्यक्ष राजेश अग्रवाल,जांजगीर-चांपा विधायक व्यास कश्यप, अकलतरा विधायक राघवेंद्र सिंह, पामगढ़ विधायक शेषराज हरवंश और जैजैपुर विधायक बालेश्वर साहू सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
नेताओं ने सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि मनरेगा में प्रस्तावित बदलाव मजदूरों और ग्रामीण गरीबों के हित में नहीं हैं। उनका आरोप है कि इससे रोजगार के अवसर घटेंगे और ग्रामीण अर्थव्यवस्था पर नकारात्मक असर पड़ेगा। वहीं प्रशासन की ओर से कहा गया कि कानून-व्यवस्था बनाए रखना प्राथमिकता है और किसी भी तरह की हिंसक गतिविधि बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
कुल मिलाकर, मनरेगा के मुद्दे पर जांजगीर-चांपा में कांग्रेस का यह उग्र प्रदर्शन सियासी तापमान बढ़ाने वाला साबित हुआ है। अब निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि सरकार इस आंदोलन और मांगों पर क्या रुख अपनाती है और क्या यह आंदोलन आने वाले दिनों में प्रदेशव्यापी रूप लेता है।





