चमत्कार के नाम पर हैवानियत! महिला से अनाचार और ब्लैकमेलिंग करने वाला ढोंगी बाबा गिरफ्तार …






जांजगीर-चांपा। चमत्कार और इलाज के नाम पर महिलाओं को अपने जाल में फंसाने वाले एक ढोंगी बाबा का भंडाफोड़ करते हुए जांजगीर-चांपा पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। थाना पामगढ़ पुलिस ने महिला से अनाचार और सोशल मीडिया के जरिए ब्लैकमेल करने के गंभीर मामले में आरोपी स्वामी निर्मल जी उर्फ निर्मल बाबा (60 वर्ष) को हिमाचल प्रदेश के धर्मशाला से गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। आरोपी मूल रूप से नाशिक (महाराष्ट्र) का निवासी है और खुद को चमत्कारी बाबा बताकर लोगों की शारीरिक व मानसिक समस्याएं ठीक करने का दावा करता था।


इलाज के झांसे में फंसाकर किया अनाचार – पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, पीड़िता ने 11 अप्रैल 2026 को थाना पामगढ़ में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उसने बताया कि चैत्र नवरात्रि के दौरान आरोपी पामगढ़ क्षेत्र के एक गांव में पदयात्रा करते हुए आया था। इसी दौरान उसने खुद को चमत्कारी बाबा बताते हुए इलाज का भरोसा दिलाया और पीड़िता का मोबाइल नंबर हासिल कर लिया। 26 मार्च को आरोपी ने पीड़िता को पामगढ़ बाजार बुलाकर “प्रसाद” दिया और इलाज के बहाने अपने साथ चलने के लिए बहलाया। आरोपी के झांसे में आकर पीड़िता उसके साथ बिलासपुर और फिर ट्रेन से मैहर पहुंची, जहां होटल में ठहराकर आरोपी ने “इलाज” के नाम पर बार-बार जबरन अनाचार किया। 1 अप्रैल 2026 को आरोपी पीड़िता को बिलासपुर छोड़कर फरार हो गया।


फर्जी इंस्टाग्राम आईडी बनाकर किया ब्लैकमेल – घर लौटने के बाद जब पीड़िता ने आरोपी के फोन कॉल्स से परेशान होकर उसका नंबर ब्लॉक किया, तो आरोपी ने बदले की नीयत से पीड़िता के नाम से फर्जी इंस्टाग्राम आईडी बनाकर अश्लील फोटो पोस्ट कर दी और उसे सोशल मीडिया पर वायरल कर ब्लैकमेल करने लगा।
हिमाचल में दबिश, आरोपी गिरफ्तार – महिला के साथ घटित गंभीर अपराध को देखते हुए निवेदिता पाल (प्रभारी पुलिस अधीक्षक) के निर्देशन और उमेश कुमार कश्यप (अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक) के मार्गदर्शन में विशेष टीम गठित की गई।
SDOP प्रदीप कुमार सोरी के नेतृत्व में थाना पामगढ़ पुलिस ने 21 अप्रैल 2026 को धर्मशाला में दबिश देकर आरोपी को गिरफ्तार किया।
पूछताछ में आरोपी ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया, जिसके बाद उसके विरुद्ध BNS की धारा 64(2)(एम) एवं आईटी एक्ट की धारा 67 के तहत मामला दर्ज कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है।
इस पूरी कार्रवाई में निरीक्षक सावन सारथी (थाना प्रभारी पामगढ़), प्रधान आरक्षक रामलाल मार्कडेय, आरक्षक सूरज सिंह पाटले एवं नवनी रात्रे का सराहनीय योगदान रहा।






