Uncategorized

साइबर सेल पर भ्रष्टाचार के आरोप, गुम मोबाइल लौटाने के लिए मांगे जा रहे पैसे, पैसे नही देने पर नही दिया मोबाइल …

img 20250226 wa00585048043935338000805 Console Corptech
फाइल फोटो…

जांजगीर-चांपा। जिले की साइबर सेल टीम पर गंभीर आरोप लगे हैं। पीड़ित का कहना है कि गुम हुए मोबाइल की खोजबीन के बाद उसे लौटाने के नाम पर साइबर टीम पैसों की मांग कर रही है।

WhatsApp Image 2025 10 13 at 10.02.11 Console CorptechWhatsApp Image 2026 02 24 at 07.53.42 Console Corptech

कैसे हो रही वसूली? – सूत्रों के अनुसार, जब कोई व्यक्ति मोबाइल गुम होने की शिकायत करता है, तो साइबर टीम उसकी लोकेशन ट्रेस कर मोबाइल खोज निकालती है। लेकिन जब मोबाइल मिल जाता है, तो टीम पीड़ित को ऑफिस बुलाकर यह कहती है कि फोन किसी दूसरे राज्य में मिल रहा है, जिसे लाने के लिए खर्चा देना होगा। इस डर से कि कहीं उनका फोन वापस न मिले, लोग पैसे देने के लिए मजबूर हो जाते हैं।

WhatsApp Image 2026 02 27 at 13.05.14 Console CorptechWhatsApp Image 2026 02 14 at 14.01.54 Console Corptech

पीड़ित का आरोप – नाम न छापने की शर्त पर एक पीड़ित ने बताया कि उसने किसी अन्य के माध्यम से साइबर टीम को जानकारी दी, लेकिन प्रभारी पारस पटेल ने मोबाइल नही मिलने की बात कही।जब प्रार्थी ऑफिस पहुँची तो उनका मोबाइल ऑफिस के अलमारी में था लेकिन देने से इनकार कर दिया और उन्हें किसी पत्रकार से फोन कराने की बात कही और बिना मोबाइल लौटाए भगा दिया गया।

पत्रकारों के हस्तक्षेप के बाद मिला मोबाइल – 25 फरवरी को जब पत्रकार इस मामले की जांच के लिए साइबर सेल पहुंचे, तो पाया कि गुम मोबाइल ऑफिस की अलमारी में सुरक्षित रखा गया था। जब प्रभारी पारस पटेल से इस बारे में सवाल किया गया, तब जाकर मोबाइल लौटाने की प्रक्रिया शुरू की गई

प्रशासन की चुप्पी पर सवाल- साइबर सेल में हो रही इस मनमानी और भ्रष्टाचार पर अब सवाल उठ रहे हैं। लोगों का कहना है कि प्रशासन को इस मामले में हस्तक्षेप कर दोषियों पर कार्रवाई करनी चाहिए, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाएं न हों।

अब क्या होगा?- इस मामले ने जांजगीर जिले में साइबर सेल की कार्यशैली पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। यदि उच्च अधिकारियों द्वारा इस मामले की जांच नहीं की गई, तो यह भ्रष्टाचार का अड्डा बना रहेगा और आम जनता को न्याय नहीं मिल पाएगा।

Related Articles