Uncategorized

बकाया जल बिल नहीं चुकाने वाले उद्योगों पर वसूली कार्रवाई के निर्देश, 10 अप्रैल को होगी बैठक…

img 20260407 wa0091281295463567683665344907 Console Corptech

🔴 जिला पंचायत अध्यक्ष इंजी. सत्यलता आनंद मिरी की अध्यक्षता में जिला पंचायत की सामान्य सभा की बैठक संपन्नखरीफ सीजन की तैयारी करने, खाद की मांग, भंडारण व आपूर्ति व्यवस्था के बैठक में दिए निर्देशगर्मी में पेयजल व्यवस्था पर फोकस: गांव-गांव पानी समस्या समाधान व जल जीवन मिशन से नियमित सप्लाई के निर्देश

WhatsApp Image 2025 10 13 at 10.02.11 Console CorptechWhatsApp Image 2026 03 12 at 21.38.36 Console Corptech

     जांजगीर-चांपा। जिला पंचायत की सामान्य सभा की बैठक मंगलवार को जिला पंचायत सभाकक्ष में जिला पंचायत अध्यक्ष इंजी. सत्यलता आनंद मिरी की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में जिले के धान खरीदी, परिवहन, समग्र विकास, पंचायतों की कार्यप्रणाली, निर्माण कार्यों की प्रगति, पेयजल व्यवस्था तथा शासन की विभिन्न योजनाओं की विस्तार से समीक्षा की गई। बैठक में पूर्व बैठक में पारित प्रस्तावों के पालन प्रतिवेदन पर चर्चा की गई।

WhatsApp Image 2026 03 12 at 21.38.37 Console Corptechrajan Console Corptech

बैठक में आगामी खरीफ सीजन को देखते हुए कृषि संबंधी व्यवस्थाओं पर चर्चा की गई। इस दौरान किसानों की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए खाद की संभावित मांग, उसके भंडारण की स्थिति एवं जिले में उपलब्धता की विस्तृत समीक्षा की गई। अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि खाद का पर्याप्त स्टॉक पहले से सुनिश्चित किया जाए तथा वितरण व्यवस्था को सुचारू और पारदर्शी रखा जाए, ताकि समय पर किसानों को खाद उपलब्ध हो सके। गोदामों में भंडारण की उचित व्यवस्था, परिवहन की समयबद्ध योजना तथा समितियों के माध्यम से किसानों तक खाद की उपलब्धता सुनिश्चित करने कहा। साथ ही खाद वितरण की नियमित मॉनिटरिंग की जाए और यदि कहीं भी कमी या समस्या सामने आती है तो उसका त्वरित निराकरण किया जाए। खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 के अंतर्गत धान खरीदी की स्थिति, उपार्जन केंद्रों की कार्यप्रणाली, कुल धान खरीदी, पंजीकृत किसानों की संख्या, धान नहीं बेचने वाले किसानों की जानकारी तथा किसानों से खरीदे गए धान के कुल रकबे की समीक्षा की गई। इसके साथ ही उपार्जन केंद्रों से मिलर को भेजे गए धान एवं 31 मार्च 2026 तक हुए धान उठाव की स्थिति पर भी विस्तार से चर्चा की गई।

बैठक में गर्मी के बढ़ते प्रभाव को देखते हुए गांव-गांव में उत्पन्न होने वाले पेयजल समस्याओं के त्वरित निराकरण के निर्देश दिए गए। इस दौरान कहा गया कि किसी भी ग्राम में पानी की कमी या बाधा की स्थिति न बने, इसके लिए पहले से ही आवश्यक तैयारी सुनिश्चित की जाए। हैंडपंप, नल-जल योजनाओं एवं अन्य जल स्रोतों की नियमित जांच एवं मरम्मत पर विशेष जोर दिया गया, ताकि आमजन को निर्बाध जल आपूर्ति मिल सके। इसके साथ ही जल जीवन मिशन के तहत स्थापित टंकियों से नियमित एवं सुचारू जल सप्लाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। संबंधित विभागों को कहा गया कि पाइपलाइन, मोटर एवं वितरण प्रणाली की सतत मॉनिटरिंग की जाए और किसी भी तकनीकी समस्या का तत्काल समाधान किया जाए।

बैठक में जिले के समस्त पंचायत सचिवों की जानकारी का विवरण भी प्रस्तुत किया गया, जिससे प्रशासनिक व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने कहा। अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि पंचायत स्तर पर योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करते हुए शासन की मंशा के अनुरूप अंतिम व्यक्ति तक लाभ पहुंचाया जाए तथा सभी विभाग आपसी समन्वय से कार्य करें। बैठक में ऐसे पंचायत सचिव जो पिछले 5 वर्षों से एक ही स्थान पर पदस्थ हैं, उन्हें आपसी समन्वय के आधार पर अन्य स्थानों पर स्थानांतरित करने के निर्देश दिए गए। साथ ही मूल गांवों में पदस्थापना नहीं देने के निर्देश दिए है। इस संबंध में आगामी बैठक में समीक्षा की जाएगी

बैठक में जिले में संचालित उद्योगों एवं उसना राइस मिलों द्वारा पानी के उपयोग की स्थिति की विस्तार से समीक्षा की गई। सभी उद्योग अपने दैनिक जल उपयोग, पानी के स्रोत, बकाया जल बिल तथा बोरवेल/वाटर उपयोग की अनुमति से संबंधित जानकारी निर्धारित प्रारूप में अनिवार्य रूप से प्रस्तुत करने कहा। साथ ही जिन संस्थानों द्वारा पानी के बिल का भुगतान नहीं किया गया है, उनके विरुद्ध वसूली की कार्रवाई की अद्यतन जानकारी उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए गए।इस संबंध में 10 अप्रैल 2026 को सभी आवश्यक जानकारी से साथ बैठक आहूत करने के निर्देश जल संसाधन विभाग के अधिकारी को दिए गए हैं।

Related Articles

प्रातिक्रिया दे